Maharashtra news: हाल ही में ष्ट्र (Maharashtra) के लातूर (Latur) से इंसानियत को शर्मशार करने वाली खबर सामने आई हैं। जहाँ एक दलित युवती के साथ दुष्कर्म मामले में, पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया था वही अब इस ममाले में पुलिस ने बीते मंगलवार को कैफे के मालिक के खिलाफ भी केस दर्ज किया है।
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दुष्कर्म मामले में केफे मालिक के खिलाफ भी केस दर्ज
यह घटना असल में 4 दिसंबर, 2025 को हुई थी। महाराष्ट्र (Maharashtra) के लातूर (Latur) ज़िले के एक कैफे से कथित तौर पर एक दलित लड़की को अगवा किया गया और उसे लातूर के ही एक दूसरे कैफे में ले जाकर उसके साथ रेप किया गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने कुछ ही घंटों में पीड़िता को ढूंढ लिया। वही पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था, जिस पर POCSO Act और SC/ST (Prevention of Atrocities) Act के तहत मामला दर्ज किया गया है। शुरुआती जांच के बाद पुलिस ने कैफे मालिक को भी इस अपराध में शामिल या लापरवाही का जिम्मेदार पाया है। मालिक पर कार्रवाई के मुख्य कारण निम्नलिखित हैं।
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कैबिन की आड़ में अनैतिक गतिविधियां
जाँच में लातूर पुलिस को पता चला कि कैफे में बने “प्राइवेट केबिन” का इस्तेमाल गैर-कानूनी कामों के लिए किया जा रहा था। मालिक ने सुरक्षा नियमों की अनदेखी की थी। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या घटना के बाद मालिक ने CCTV फुटेज या दूसरे सबूतों के साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश की थी। पुलिस ने मालिक को सह-आरोपी बनाया है या नाबालिग की सुरक्षा सुनिश्चित न करने और कैफे में ऐसी घटना होने देने के लिए उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई शुरू की है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कैफे के कर्मचारियों ने खुलासा किया कि प्रॉपर्टी के मालिक को अवैध निर्माण और उसके गलत इस्तेमाल के बारे में पूरी जानकारी थी। सब कुछ जानते हुए भी, उसने इसे नज़रअंदाज़ किया और कैफे चलाने वाले को इसी तरह काम जारी रखने दिया। इसके अलावा, आपको बता दें, कैफ़े के मालिक पर जानबूझकर इस गंभीर अपराध की रिपोर्ट पुलिस या संबंधित अधिकारियों को न देने और मामले को छिपाने की कोशिश करने का भी आरोप है। इस लापरवाही और जानकारी छिपाने के कारण, अब उस पर इस मामले में सह-अपराधी होने का आरोप लगाया गया है।



