Top 5 Dalit news: भारत की धर्मनिरपेक्षता दुनियाभर में मशहूर है लेकिन जब बात किसी दलित की आती है तो फिर आखिर जातिगत समानता और धर्मनिरपेक्षता कहां चली जाती है। दलितों के नाम पर भीड़ चाहे कोई भी हो, वो अपनी मानसिक विकृति निकालने का जरिया क्यों बना लेती है। तो चलिए आपको इस लेख में पिछले 24 घंटे में दलितो के साथ होने वाली घटनाओं के बारे में बतायेंगे, जो इस वक्त सोशल मीडिया (Social media) पर काफी वायरल हो रहे है।
शिवगंगा में दलित युवक की कस्टडी में मौत
1, दलितो से जुड़ा पहला मामला तमिलनाडु के शिवगंगा से है, जहां शक के आधार पर एक दलित युवक को मारपीट करने के मामले में गिरफ्तार किया गया, लेकिन उसे पुलिस कस्टडी में इतना पीटा गया कि युवक ने दम ही तोड़ दिया, जबकि अभी तक तो उसका गुनाह भी साबित नहीं हुआ था, ये घटना शिवगंगा जिले की मानामदुराई थाना क्षेत्र के सियोन नगर की है। पुलिस ने दलित युवक आकाश डेलिसन और गुना को कथित तौर पर दो युवको पर पुरानी रंजिश के चलते बाइक से पीछा करने की बात कर के गिरफ्तार किया था, लेकिन अचानक खबर मिली कि आकाश की मौत हो गई।
पुलिस ने कहा कि आकाश भागने की कोशिश कर रहा था, जिसे पकड़ने की होड़ में उसका पैर टूट गया था, और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी। लेकिन पुलिस की इस थ्योरी को आकाश के परिवार वालो ने मानने से इंकार करते हुए कहा कि केवल पैर टूट जाने की किसी की मौत नहीं होती, सच तो ये है कि पुलिस ने उसकी जाति के कारण उसे निशाना बनाया और उसे कस्टडी में पीटा, वहीं उसका पैर भी पुलिस ने तोड़ा है, पुलिस अब अपना बचाव करने के लिए झूठी कहानी बना रही है।
पीड़ित परिवार ने न्याय की मांग करते हुए कहा कि वो इकलौता बेटा था, अगर उसने वाकई में गुनाह किया होता तो उसे फांसी भी होती तो वो कुछ नहीं कहते, लेकिन जातिगत भेदभाव के कारण उनके घर के चिराग को बुझा दिया गया है, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता तब तक वो शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। हालांकि अभी तक पुलिस ने इन आरोपो को लेकर कोई टिप्पणी नहीं की है, वहीं अब देखना ये होगा कि हाई कमान क्या फैसला लेती है।
लखनऊ में हैप्पी होली बोलने पर मिली मौत
दलितो से जुड़ा अगला मामला उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से है, जहां एक दलित युवक के प्यार से हैप्पी होली क्या कहा, जातिवादी आतंकियों को ये इतना नागावार गुजरा कि उन लोगो ने होली की खुशी को मातम में बदल दिया। ये घटना लखनऊ के दुबग्गा क्षेत्र के बेगारिया गांव की है, जहां होली के दिन दलित युवक सूरज गौतम ने मोहित तिवारी नाम के एक शख्स को हैप्पी होली कह दिया था, बस फिर क्या था, मोहित तिवारी, उसकी मां और उसकी बहन शिवानी तिवारी ने न केवल सूरज के साथ मारपीट की बल्कि शिवानी ने चाकू से सूरज पर हमला कर दिया, सूरज को बचाने गई उसकी बहन पर जानलेवा हमला किया गया है।
इस हमले में सूरज की मौत हो गई, लेकिन जब आप पीड़ित परिवार की बात सुनते है तो पुलिस की भूमिका पर भी सवालियां निशान खड़े होते है। अभी तक मोहित तिवारी को गिरफ्तार नहीं किया गया है तो वहीं शिवानी तिवारी को पूछताछ के लिए ले कर तो गई लेकिन हत्या के साक्ष्यों को मिटाने के बाद… ऐसा लगता है कि पुलिस इस मामले में गुमराह करने की कोशिश कर रही है, अब देखना ये होगा कि पुलिस कब तक मुख्य आरोपी को गिरफतार करती है.. और क्या वाकई में सूरज को न्याय मिलेगा।
गिर सोमनाथ में दलित नेता की हत्या
3, दलितो से जुड़ा अगला मामला गुजरात के गिर सोमनाथ से है, जहां एक दलित एक्टिविस्ट को दलितो के लिए आवाज उठाने के बदले मौत मिली। ये घटना गिर सोमनाथ के तलाल पंथक की है, जहां भरत सोंदरवा दलित समुदाय के युवा नेता और भीलाल ग्राम पंचायत की सोशल जस्टिस कमेटी के चेयरमैन के तौर पर काफी समय से गोंडल और मेंदरडा में दलित समुदाय से जुड़े मामलों के लिए लगातार आवाज उठा रहे है, उनके लिए न्याय की मांग कर रहे है, लेकिन भरत का उंचा उठना कुछ लोगो को काफी खल रहा था। भरत की लाश तलाला के रामरेची गिर गांव से एक चोरी की कार के पास से बरामद की गई है।
उसके सिर और शरीर पर गहरे चोट के निशान मौजूद है, वहीं दलित संगठन इस घटना के काफी गुस्से में आ गये है। भरत आम आदमी पार्टी से भी जुड़े हुए थे। दलित कार्यकर्ताओ ने शक जताया है कि भरत की हत्या उनके बढ़ते ओहदे के कारण हुई है। उन लोगो ने जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की है, हालांकि अभी तक पुलिस की तरफ से कोई बयान सामने नहीं आया है। अब देखना ये होगा कि वाकई में भरत की हत्या उनकी जाति के कारण हुई है या इसके पीछे छिपा है कोई कारण।
ईरानी नेता खमनई को श्रद्दांजलि देने पर आजाद घेरे गए
4, दलितो से जुड़ा अगला मामला आजाद समाज पार्टी के मुखिया चंद्र शेखर आजाद को लेकर है, दिल्ली के उत्तम नगर में दलित युवक तरून खटिक की हत्या को लेकर एक तरफ जहां पूरे दलित समाज के साथ साथ हिंदू समाज में रोष है, तो वहीं भीम आर्मी चीफ ने भी इस मामले में अपनी प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली सरकार से सख्त कार्यवाई करने औऱ पीड़ित परिवार को सुरक्षा और न्याय देने की मांग की है, लेकिन उनकी कथित एक्स गर्लफ्रेंड ने आजाद की एक पिक्चर शेयर करते हुए उन्हें गद्दार कहा है।
दरअसल आजाद ईरान के नेता खेमनई की हत्या के बाद एक श्रद्धांजलि सभा में गए हुए थे, जिसे लेकर दिल्ली में मुसलमानों द्वारा तरूण की हत्या को जोड़ते हुए घावरी ने आजाद को घेरा है। खेमनई को श्रद्धांजलि देने पर आजाद को देश का गद्दार कहा है, साथ ही चेतावनी भी दी कि जिस दिन बीजेपी का सिर से हाथ हटा तो वो जेल में सड़ेंगे, हैरानी की बात है कि खेमनई की मौत पर पूरे भारत के मुसलमान रो रहे है, लेकिन ये मोहतरमा उन्हें गद्दार कहने के बजाय आजाद को ही निशाना बना रही है। जबकि हमेशा की तरह आजाद ने गद्दारी के आरोपो पर भी कोई टिप्पणी नहीं की है, वैसे आपको क्या लगता है क्या वाकई में आजाद गद्दार है?
सोनीपत में दलित युवक के साथ लूटपाट
5, दलितों से जुड़ा अगला मामला हरियाणा के सोनीपत से है जहां एक दलित युवक को लूटने के लिए उसे न केवल सरिये से दाग दिया गया बल्कि उसे बुरी तरह से पीटा भी गया। ये घटना सोनीपत के मटिंडू रोड पर स्थित बिस्मिल्लाह होटल पर हुई थी। पीड़ित अनिल के बड़े भाई ने गुरुग्राम पुलिस को तहरीर दी कि देर रात उसका भाई होटल पर खाने गया था, उस वक्त उसके पास सोने के गहने, मोबाइल फोन और नगदी थी। खाना खाने के दौरान हुई बातचीत में होटल में मौजूद होटल मालिक का बेटे और उसके कर्मचारियों ने ये पता लगाया कि पीड़ित के पास गहने औऱ पैसे है।
जैसे की पीड़ित जाने के लिए उठा, आरोपियों ने उसे पकड़ लिया और उसके साथ बहस करने लगे, इतना ही नहीं जब अमित ने विरोध किया तो उसे पीटने लगे, उसे गर्म सरिये के कई बार दाग दिया, और उसके पास से गहने, उसका मोबाइल फोन, और नगदी भी लूट ली। मारपीट और जलाने के कारण वो बुरी तरह से घायल हो गया और उसे गंभीर हालात में ट्रॉमा सेंटर पीजीआईएमएस रोहतक रेफर कर दिया गया, वहीं आरोपियो की शिनाख्त कर ली गई है और एसीपी राजदीप मोर खुद इस मामले की जांच कर रहे है, उन्होंने पीड़ित परिवार को आश्वासन दिया है कि जल्द ही आरोपी पुलिस के शिकंजे में होंगे।



