Top 5 Dalit News: आजाद के खिलाफ वारंट से लेकर राजगढ़ में टूटने वाली 78 साल पुरानी परंपरा तक, पिछले 24 घंटे की बड़ी खबरें

Chandshekhar, Chandrashekhar House Arrest News,
Source: Google

Top 5 Dalit News: अगर कोई दलित समाज से तरक्की कर रहा हो, तो उसे कैसे गिराया जाये इसकी साजिश काफी जोरो शोरो से होती है, और अगर वो शख्स खुद के बढ़ने के साथ साथ दलितों के हक की भी आवाज उठाता है तो फिर तो वो मनुवादियों का सबसे बड़ा दुश्मन हो जाता है..मनुवादियों ने कब चाहा कि दलित तरक्की करें.. भले ही उसके लिए कानून तोड़ना पड़े। तो चलिए आपको इस लेख में पिछले 24 घंटे में दलितो के साथ होने वाली घटनाओ के बारे में जानेंगे जो इस वक्त सोशल मीडिआ पर काफी सुर्खियों में है।

आगरा में पूरे गांव ने आसपा किया जॉइन

1, दलितों से जुड़ा पहला मामला भीम आर्मी चीफ चंद्र शेखर आजाद को लेकर है, एक तरफ दलितों और पिछड़ो के लिए प्रत्यक्ष रूप से खड़े होकर वो लोगो में तेजी से लोकप्रिय हो रहे है तो वहीं दूसरी तरफ उन्हें दबाये रखने के लिए ऐसे ऐसे मुद्दे उठाये जा रहे है जो कब के खत्म हो गये। जी हां, आजाद से प्रेरित हो कर यूपी के आगरा के आझही गांव में रात को करीब 11 बजे गांव के सभी लोगों ने एक साथ आजाद समाज पार्टी की सदस्यता ले ली.. जबकि उससे पहले वो बहुजन समाज पार्टी के सदस्य थे। गांव में सभी नारे भी लगा रहे है कि वो 2027 विधानसभा चुनाव में आजाद को जिता कर रहेंगे और अगले यूपी के सीएम आजाद ही होंगे।

वहीं आजाद की बढ़ती लोकप्रियता से घबराये कुछ मनुवादी सरकार ने आजाद के खिलाफ 9 साल पहले 9 मई 2017 को रामनगर में हुई हिंसा के लिए गैर जमानती वारंट जारी कर दिया है, जिसकी सुनवाई 20 मई को होगी। वहीं आसपा के लीगल सेल प्रदेश अध्यक्ष ने सीधे तौर पर इसके लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि सरकार के दवाब में ही ये वारंट जारी किया गया है। जबकि आजाद पूरी तरह से निर्दोष है, ऐसे में देखना ये होगा कि इस तरह से मामलो से आजाद की लोकप्रियता  में कोई कमी आयेगी या और बढ़ेगी। वैसे आपको क्या लगता है क्या आजाद विपक्षियों को मुंह तोड़ जवाब देंगे।

उत्तराखंड के हल्द्वानी में जातिगत बर्बरता

2,  दलितो से जुड़ा अगला मामला उत्तराखंड के हल्द्वानी से है, जहां एक शादी समारोह में दलित युवक को इसलिए पीटा गया क्योंकि उसने समारोह में पानी पी लिया था, जो कि शादी के जातिवादी मेहमानों को बिल्कुल नागावार गुजरा। ये मामला हल्द्वानी के गौलापार इलाके के देवल मल्ला गांव का है, पीड़ित शुभम शादी समारोह में डीजे बजा रहा था, तभी उसने पास रखे बर्तन से पानी पी लिया.. जिससे वहां मौजूद लोगो ने शुभम को जातिगत गालियां देना शुरु कर दिया.. इतना ही नहीं जब शुभम के भाई उमेश चंद्र टम्टा ने बीच बचाव करने की कोशिश की तो करीब 10 लोगो ने मिलकर दोनो भाईयो पर लाठी डंडो और तेजधार हथियार से हमला कर पीटा। इस मारपीट में शुभम बुरी तरह से घायल हो गया है औऱ उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।

वहीं उमेश चंद्र टम्टा ने काठगोदाम थाने में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है, वहीं आरोपी पक्ष ने भी शिकायत दर्ज कराते हुए अपने ऊपर लगे आरोपो को सिरे से खारिज किया है..जाति के नाम पर की गई मारपीट को लेकर गांव के लोग काफी नाराज हो गये है और उन्होंने पुलिस थाने के बाहर न्याय के लिए प्रदर्शन भी किया.. काठगोदाम थाना प्रभारी विमल मिश्रा के मुताबिक दोनो पक्षों का मामला दर्ज कर लिया गया है औऱ अब दोनो के एंगल से ही जांच की जा रही है, जांच के बाद दूध का दूध, पानी का पानी हो ही जायेगा। तब तक हमला करने वाले कई लोगो को हिरासत में ले कर पूछताछ की जा रही है।

भरतपुर में दलित बच्ची पर शिक्षिका की बर्बरता

3, दलितों से जुड़ा अगला मामला राजस्थान के भरतपुर से है, जहां एक तीसरी कक्षा में पढ़ने वाली बच्ची पर जातिवादी मानसिकता की टीचर की बर्बरता का सबूत सामने आया है। दिल को झकझोर देने वाली कुछ तस्वीरे सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसमें बच्ची की पीठ के निशान उसके साथ हुई अत्याचार की पराकाष्ठा की कहानी कह रहे है। ये मामला भरतपुर सेवर थाना के दयोपुरा गांव का है, जहां के सरकारी स्कूल में कक्षा 3 में पढ़ने वाली छात्रा 9 साल की दलित मासूम बालिका को उसकी की शिक्षिका ने डंडो, लात घूसों से पीटा और उसके सिर को पक्की दीवार पर मारकर उसे अधमरा कर दिया। पीड़िता की मां बच्ची की हालात पर हाथ जोड़ कर भीम आर्मी चीफ से मदद की गुहार लगा रही है।

इस मामले में अभी तक स्कूल प्रशासन की तऱफ से कोई सफाई पेश नहीं की गई है, वहीं अब स्कूल में ऐसी बर्बरता करने वाली टीचर को बर्खास्त करने की मांग की जा रही है। ऐसे में देखना ये होगा कि क्या भीम आर्मी चीफ इस मासूम बच्ची के लिए खड़े होते है … वहीं दलित बच्चो को साथ ऐसी हरकते करने वाली शिक्षिका को आखिर क्या सजा मिलनी चाहिए, हमें कमेंट करके जरूर बतायें।

लखनऊ में घर अपवित्र करने के नाम पर दलित की पिटाई

4, दलितो से जुड़ा अगला मामला उत्तर प्रदेश के लखनऊ से है, जहां दलित महिलाओ पर घर को अपवित्र करने का बेतुका आरोप लगा कर उन्हें बुरी तरह से पीटा गया। ये मामला लखनऊ के वृंदावन योजना का है, जहां पीड़िता ने बताया कि 3 मई को उसकी बहन ने कॉल करके बताया कि उसका मकान मालिक उसका घर अपवित्र करने जैसा झूठा और बेतुका आरोप लगा कर उसके साथ गालीगलौच कर रहा है, जिसके बाद पीड़िता और उसकी बेटी वहां पहुंचे, लेकिन उन्हें देखकर आरोपी ने उन्हें भी जातिसूचक गालियां देनी शुरु कर दी और जब पीड़ितों ने विरोध किया तो उन लोगो ने तीनो औरतो के साथ मारपीट की और उनकी बेटी के साथ अश्लील हरकतें भी की।

जब पीड़िता ने पुलिस का सहारा लेने की बात की तो आरोपी और उसको जीजा ने उन्हें जान से मारने की भी धमकी दी.. जिसे लेकर पीड़िता ने पुलिस थाने में आरोपी, उसके जीजा समेत 7 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। अब देखना ये होगा कि पुलिस जांच के बाद क्या होता है। क्या पीड़िता को न्याय मिलेगा..

राजगढ़ में टूटेगी 78 साल पुरानी परंपरा

5, दलितो से जुड़ा अगला मामला मध्य प्रदेश के राजगढ़ से है, जहां करीब 78 साल परंपरा को तोड़ते हुए दलित दूल्हा घोड़े पर चढ़ने वाला है, लेकिन घर वालो को डर है कि कहीं इसका विरोध न हो इसलिए दूल्हन के पिता ने पुलिस प्रशासन की मदद मांगी है। ये खबर राजगढ़ के जीरापुर तहसील के लिंबोदा गांव की है, जहां आजादी के बाद आज तक कोई अनुसूचित जाति समुदाय से घोड़ी चढ़ कर बारात निकालने की हिम्मत नहीं कर सका था, लेकिन इस दकियानूसी परंपरा को तोड़ते हुए हरिसिंह ने पुलिस को अर्जी दी है कि 18 मई को उनकी बेटी की शादी है, और वो चाहते है कि उनका दामाद घोड़ी से बारात लेकर आये, ऐसे में कहीं जातिवादी आतंकी कोई अवरोध न करें इसके लिए 18 मई तक गांव में पुलिस सुरक्षा दी जायें।

वहीं थाना प्रभारी आदित्य सोनी ने दलित युवक की अर्जी पर ध्यान देते हुए शादी में पुलिस बल की तैनाती पर विचार किया है,.. इसी के साथ दलित परिवार की सुरक्षा के लिए भीम आर्मी भारत एकता मिशन के सदस्य भी वहां मौजूद होंगे। हैरानी की बात है कि भारत केवल अंग्रेजो की गुलामी से आजाद हुआ है, जातिगत गुलामी से नहीं.. उन्हें आज भी खुशिया मनाने के लिए उंची जाति वालों की परमिशन लेनी पड़ी है। आपकी इस पर क्या राय है हमें कमेंट कर के  जरूर बतायें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *