Telangana news: तेलंगाना के गोदावरीखानी से हाल ही में एक दिल दहला देने वाली रिपोर्ट सामने आई है, जहाँ एक महिला को परेशान करने के आरोप में एक युवा दलित युवक की हत्या कर दी गई। मृतक का शव मिलने के बाद इलाके में तनावपूर्ण माहौल बन गया है; जिसके चलते, घटनास्थल से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
दलित युवक की निर्मम हत्या
जब न्याय की बात आती है, तो भले ही उसमें कभी-कभी देरी हो जाए, लेकिन कानून सभी के लिए समान रहता है। जो कोई भी कानून तोड़ता है, उसे सज़ा मिलना तय है—चाहे आज मिले या कल। हालाँकि, चौंकाने वाली सच्चाई यह है कि दलितों से जुड़े मामलों में तो स्वयं न्याय भी हार मानता हुआ प्रतीत होता है। जी हाँ तेलंगाना (Telangana) के गोदावरीखानी से खबर है, जहां एक दलित युवक के हत्या केवल इस लिए कर दी गई क्योंकि वो एक महिला को परेशान कर रहा था।
पुलिस ने तीन आरोपियों को शिकंजे में लिया
ये घटना रामगिरी मंडल (Ramgiri Mandal) के सिंगिरेड्डीपल्ली गांव (Singireddypalli Village) का है, जहां 30 अप्रैल से ही जूला वामशी लापता था, जब वह युवक काफी समय तक घर नहीं लौटा, तो उसके परिवार वालों ने स्थानीय पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। जिसके बाद से पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी, लेकिन वामशी की सड़ी-गली लाश मंथनी मंडल (Manthani Mandal) के गदिदलगंडी (Gadidalagandi) के पास एक जंगल से बरामद हुई,, पुलिस ने जब जांच तेज की तो इस मामले में 3 आरोपी नीलम नवीन, उसकी पत्नी अलेख्या और उसका चचेरा भाई भास्कर पुलिस के शिकंजे में आ गए।
महिला सालों से उत्पीड़न झेल रही थी
वह मीडिया रिपोर्ट्स से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपियों ने बताया कि आरोपी अलेख्या को कई सालों से तंग कर रहा था, यहां तक कि जब उसकी शादी हो गई तब भी वो अपनी हरकतों से बाज नहीं आया, जिसे रोकने के लिए तीनो ने उसकी हत्या कर दी। हैरानी की बात है कि कोई महिला सालों से उत्पीड़न झेल रही थी लेकिन पुलिस में जाने के बजाय उसकी हत्या करने की हिम्मत आ गई.. क्या वाकई में ये मामला इतना सीधा है.. या कहानी कुछ और है।



