Chandrashekhar Azad news: भीम आर्मी चीफ का बड़ा चुनावी दावा, सीएम बनते ही पहली से बारहवी तक शिक्षा मुफ्त

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Chandrashekhar Azad news: पिछले कुछ दिनों में, चंद्रशेखर आज़ाद ‘रावण’ जिन्हें अक्सर ‘दलितों का मसीहा’ भी कहा जाता है। उन्हें लेकर कई रिपोर्टें सामने आई हैं। कभी उन्हें शराबबंदी के मुद्दे पर बोलते हुए देखा जाता है, तो कभी उत्तर प्रदेश में होने वाले आगामी चुनावों को लेकर एक बड़ी चुनौती देते हुए। इन सब गतिविधियों के बीच, उन्होंने एक बड़ी घोषणा की है…यदि ASP राज्य में सरकार बनाती है, तो उनकी सबसे पहली प्राथमिकता शिक्षा व्यवस्था में सुधार करना होगी। इसके अलावा, उन्होंने स्कूली शिक्षा को पूरी तरह से मुफ़्त करने का भी वादा किया है।

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यूपी विधान सभा चुनाव से पहले आजाद बड़ा ऐलान

बीते दिन, उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से चंद्रशेखर को लेकर एक खबर सामने आईं थी कि उन्होंने एक दलित बस्ती का दौरा किया और बुलडोज़रों को दलितों के घरों को गिराने से सफलतापूर्वक रोक दिया। इसके अलावा, एक युवक को चंद्रशेखर की तस्वीर हाथ में लेकर घूमते हुए भी देखा गया—यह नज़ारा इस बात का स्पष्ट प्रमाण था कि चंद्रशेखर उत्तर प्रदेश के दलितों के लिए पहली पसंद बनकर उभरे हैं। वही एक बार भीम आर्मी चीफ (Bhim Army Chief) और आज़ाद समाज पार्टी (ASP)  प्रमुख चंद्रशेखर आजाद रावण (Chandrashekhar Azad) को लेकर खबर है.. जिन्होंने 2027 यूपी विधानसभा (UP Legislative Assembly) से पहले ही यूपी (UP) की जनता को वो सौगात देने की घोषणा कर दी है, जिसे लेकर बीजेपी सरकार (BJP Government) ने आम जनता को काफी प्रताड़ित किया था।

शिक्षा व्यवस्था में सुधार करेंगे आज़ाद

जी हां आजाद ने ऐलान किया है कि अगर राज्य में आजाद समाज पार्टी (ASP)  की सरकार आती है तो वो सबसे पहले शिक्षा व्यवस्था में सुधार करेंगे, वो पहली से लेकर बारहवीं तक की शिक्षा को सभी के लिए मुफ्त कर देंगे.. फिर वो बच्चा किसी भी जाति, धर्म और क्षेत्र से हो। कक्षा 12वीं तक मुफ्त शिक्षा देंगे। आपको बता दें कि सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने करीब 5000 स्कूलों को बंद या मर्ज करने के आदेश जारी किये थे जिसमें 50 से कम बच्चे थे.. जिसे लेकर काफी विरोध भी हुआ था।

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वहीं यूपी में शिक्षा व्यवस्था को बढ़ावा देने के बजाय उसमें नीजिकरण को प्राथमिकता देने के कारण भी सवाल उठते रहे है.. ऐसे में आजाद की घोषणा कहीं न कहीं ये उम्मीद जगाती है कि सरकार हो या प्राइवेट.. सभी स्कूलों में बच्चों को अब बेहतर शिक्षा मिल सकेगी.. वहीं नीजि स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए भी ठोस कदम उठाये जायेंगे.. आजाद की इस योजना को लेकर दलितों और पिछड़ो में एक उम्मीद की किरण जागेगी.. आपको क्या लगता है हमें कमेंट करके जरूर बतायें।

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